क्रिकेट के भविष्य, नियमों और वैश्विक कैलेंडर को लेकर खेल की सबसे बड़ी संस्था अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (ICC) की एक बेहद महत्वपूर्ण वार्षिक बैठक स्कॉटलैंड की राजधानी एडिनबर्ग में संपन्न हुई है। 8 जुलाई से 11 जुलाई तक चली इस 4 दिवसीय हाई-लेवल मीटिंग में कई ऐसे क्रांतिकारी प्रस्ताव टेबल पर आए, जिन्होंने क्रिकेट जगत में हलचल मचा दी।
फैंस के बीच सबसे बड़ी चर्चा इस बात को लेकर थी कि क्या अब वनडे क्रिकेट का रोमांच 50 ओवरों से घटकर 40 ओवरों का होने जा रहा है? आइए, इस महाबैठक से निकलकर आए उन 4 सबसे बड़े और मुख्य अपडेट्स पर नजर डालते हैं, जो आने वाले समय में जेंटलमैन गेम की तस्वीर तय करेंगे:
1. क्या 40 ओवर का होगा वनडे फॉर्मेट?
पिछले कुछ समय से टी20 और फ्रेंचाइजी क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता के बीच वनडे (ODI) फॉर्मेट के अस्तित्व को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए इस बैठक में वनडे मैचों को और अधिक तेज व रोमांचक बनाने के लिए ओवरों की संख्या को 50 से घटाकर 40 करने के क्रांतिकारी प्रस्ताव पर गंभीर चर्चा की गई।
- क्या फैसला हुआ: इतिहास गवाह है कि साल 1987 के वर्ल्ड कप से पहले वनडे क्रिकेट में प्रत्येक पारी 60 ओवरों की हुआ करती थी। अब करीब 39 साल बाद एक बार फिर ओवरों की कटौती पर विचार तो हुआ, लेकिन आईसीसी के सदस्य देशों के बीच इस पर कोई आम सहमति (Consensus) नहीं बन पाई।
- अंतिम नतीजा: फिलहाल के लिए यह तय किया गया है कि ODI फॉर्मेट 50 ओवर का ही रहेगा और इसमें तत्काल कोई बदलाव नहीं किया जा रहा है।
2. वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) में नहीं बढ़ेंगी टीमें
वर्तमान में वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के तहत दुनिया की सिर्फ 9 शीर्ष टीमें ही खिताब के लिए आपस में भिड़ती हैं। इस बैठक में टेस्ट क्रिकेट को बढ़ावा देने के लिए आगामी साइकिल में टीमों की संख्या को बढ़ाकर 12 करने की एक बड़ी योजना पेश की गई थी। इसके तहत अफगानिस्तान, जिम्बाब्वे और आयरलैंड जैसी टीमों को भी WTC के मुख्य पूल में शामिल करने का इरादा था।
- अंतिम नतीजा: लंबी बहस के बाद भी इस प्रस्ताव पर कोई सकारात्मक निष्कर्ष नहीं निकल सका। इसका मतलब यह है कि आगामी साइकिल में भी WTC में केवल 9 टीमें ही भाग लेंगी। इन टीमों में भारत, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, दक्षिण अफ्रीका, पाकिस्तान, बांग्लादेश, वेस्टइंडीज, श्रीलंका और इंग्लैंड शामिल हैं।
3. USA और कनाडा क्रिकेट बोर्ड को नहीं मिली कोई राहत
आईसीसी ने क्रिकेट प्रशासन और वित्तीय विसंगतियों के चलते यूएसए (USA) क्रिकेट बोर्ड को सितंबर 2025 में सस्पेंड कर दिया था। इसके बाद इसी साल जून में कनाडा क्रिकेट बोर्ड को भी निलंबित कर दिया गया।
- अंतिम नतीजा: एडिनबर्ग की बैठक में आईसीसी के अधिकारियों ने इस बात को जरूर स्वीकार किया कि साल 2028 में लॉस एंजेलिस में होने वाले ओलंपिक खेलों से पहले अमेरिका में क्रिकेट की स्थिति सुधरना और प्रतिबंध हटना बेहद महत्वपूर्ण है। लेकिन नियमों की सख्ती को देखते हुए आईसीसी ने साफ कर दिया कि फिलहाल दोनों ही बोर्ड्स (USA और कनाडा) पर सस्पेंशन और प्रतिबंध पूरी तरह से बरकरार रहेगा।
4. मॉरिशस बना क्रिकेट परिवार का 111वां सदस्य
इस पूरी बैठक के बीच एसोसिएट देशों और क्रिकेट फैंस के लिए एक बेहद शानदार और सकारात्मक खबर सामने आई। आईसीसी ने आधिकारिक तौर पर मॉरिशस को अपनी नई सदस्यता प्रदान कर दी है।
- अंतिम नतीजा: मॉरिशस को आईसीसी के 111वें सदस्य के रूप में क्रिकेट बिरादरी में शामिल किया गया है। वह फिलहाल एक एसोसिएट मेंबर (Associate Member) के तौर पर खेल के वैश्विक पटल पर जुड़ेगा। मॉरिशस को मिली यह मान्यता दुनिया के नए-नए कोनों में क्रिकेट की बढ़ती लोकप्रियता का एक बड़ा प्रतीक है।

